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मां तो सब जगह है पर दूसरी मौसी माँ

 मां तो सब जगह है पर दूसरी मौसी माँ


नमस्कार दोस्तों ,


   आज मे एक काहानी के बारे मे बताने जा यहा हूँ| आप इस काहानी को अंत तक जरूर पढे |

    यह काहानी मैने दस साल पहले एक हरियाणवी नाटक मे देखा था |

     


    एक परिवार की काहानी है | जब , माँ बाप के साथ एक बेटा था | अब काहानी ऐसी हुई की बचपन मे ही माँ गुजर गई |

   उसका बेटा  सिर्फ एक ही साल का ही था |पर कया करे मुशिकल कभी देख कर के नही आती |

  अब घर पर बाप ओर बेटा रहते थे| सारा काम बाप को करना पडता था|  बाप ने एक निसकरस निकाला की सारी  जिदंगी कैसे अकेला रहूंगा | उसने सोचा की एक शादी ओर कर लू | 

   पर कया पता कि आगे कया होगा |

 उसके बारे मे कौन जाने ???

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बाप ने एक दुसरी शादी भी कर ली |

   

कुछ साल तक अच्छा चला | सब कुछ ठीक ठाक | अब उसके दो बच्चे हुऐ | पर वो पहले वाला लडका अब बडा हो चुका था|

   उसकी मौसी माँ उससे बहुत काम करवाती ओर खाने के लिऐ भी कम देती थी| 

   उसकी मौसी माँ उससे बहुत मारती ओर पशुऔ का सारा काम करवाती |😭

     बेचारा वो कया करे  मारा मारा पापा के पास जाता ,पर पापा कया बोले किस की बात सुने | दोनो तरफ फंस गया | 

    


एक दिन की बात है जब मौसी मां ने उसको खत्म करने का प्लान बनाया |ओर वो बाप भी खुश हो गया | इस प्लान को करने के लिऐ |

  उन्होने बोला ,कि तुम इसको खेत मे खाना लेकर भेज देना |

शाम के टाईम ये बोलकर कि आज खेत मे रहना है |

    अब वो लडका शाम को चल देता है | अपने पापा का खाने देने |

 

जैसे ही वो खेत पहुंचता है उसके पापा ने कुल्हाड़ी तैयार कर रखी थी | वो जैसे ही पहुंचा ओर अंधेरा होते है उसको गहरे जगंल मे ले गया|

 

  जंगल मे उसको रस्सी से बांध दिया  ओर मुंह को बांध दिया  ताकि उसकी चीख ना सुनाई दे |

  वो बहुत चिल्लाया| पर उसके बाप ने एक ना सुना|

 

  अब उसके बेटे को कहां पता था कि अब अंत आने वाला है |

  अब उसके पापा (कसाई) ने कुल्हाड़ी उठाई ओर सिर के उपर से मारने वाला था तो उसकी कुल्हाड़ी पकड ली 

और उपर नही आ रही बहुत ताकत लगाई |


  अत: एक आवाज आई ऐ कसाई मै अभी जिंदा हूँ और तुम ये कया कर रहे हो | और वो कौन है जो मेरे बेटे को मरवाने के लिऐ तैयार हो गई | 

  अरे मर जा तू ,पहले बौलता था कि मैं आपके अलावा किसी के साथ नही रहूंगा |

  आज कया हुआ ||


ये आवाज ये सुनकर उसके आंखौ से आँसू आ गयऐ | और अपने बेटे की रस्सी खोलकर अपने गले से लगा और बेटा से माफी मांगने लगा कि बेटा गलती हो गई |

   

  देखिऐ. ,माँ का रूप आज भी जिंदा है चाहे भले वो स्वर्ग 

सिधार गई हो 😭😭

    माँ ही तो सब कुछ है |

  

  उसका पापा अपने बेटे को लेकर घर पहुंचा और उसकी दूसरी माँ को घर से भगा दिया | बौला कौन हौ तो तूम


   आज मेरे बेटे को मरवाती फिर दुसरे बेटे को ||

  

   अत: ---इस काहानी का सार ये है कि सब कुछ सोच समझ कर करना चहिऐ किसी की बातो मे आकर फैसले नही लेने चहिऐ | 

  और बाप से गलती हो जाती हैं तो माँ को ये बात समझनी

चहिऐ और माँ से गलती हो जाऐ तो बाप को ये बात समझनी चहिऐ |

  


     अत: आंखो मे आंखू आ गये हो  तो काहानी को शेयर जरूर करे | 


      माँ🤰  - बाप🧔🏻 भगवान का रूप है||

  


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---✍✍✍---अनिल हटरिया------

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